कस्तूरी मृग (Musk deer)

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कस्तूरी मृग (Musk deer, वैज्ञानिक नाम: Moschus) मॉस्किडे (Moschidae) कुल का एकमात्र जीवित वंश है।[1] यद्यपि इन्हें सामान्य बोलचाल में मृग (Deer) कहा जाता है, लेकिन ये सर्वाइडे (Cervidae) कुल के "वास्तविक हिरण" नहीं हैं। वास्तव में इनका कुल वास्तविक हिरणों की तुलना में बोविडे (Bovidae - जिसमें मृग, गाय, भेड़ और बकरी शामिल हैं) कुल के अधिक निकट है।

कस्तूरी मृग वास्तविक हिरणों से कई मायनों में भिन्न होते हैं: इनमें सींग (antlers) और चेहरे की ग्रंथियाँ (facial glands) नहीं होती हैं; इनमें केवल एक जोड़ी चूचुक (teats), एक पित्ताशय (gallbladder), पूंछ ग्रंथि (caudal gland), ऊपरी जबड़े में खंजर जैसे नुकीले दांत (canine tusks) तथा नर में एक अत्यंत मूल्यवान कस्तूरी ग्रंथि (musk gland) पाई जाती है।

कस्तूरी मृग मुख्य रूप से एशिया के पहाड़ी वनाच्छादित क्षेत्रों, विशेष रूप से हिमालय के अल्पाइन झाड़ियों और जंगलों में पाए जाते हैं। यूरोप में ये प्रागैतिहासिक काल (ओलिगोसीन युग) में पाए जाते थे, लेकिन वर्तमान में वहां विलुप्त हो चुके हैं।

शारीरिक विशेषताएँ (Characteristics)

कस्तूरी मृग छोटे और गठीले शरीर वाले होते हैं। इनकी पिछली टांगें अगली टांगों की तुलना में लंबी होती हैं, जिसके कारण इनकी पीठ का पिछला हिस्सा थोड़ा उठा हुआ दिखाई देता है। इनकी शरीर की लंबाई 80 से 100 सेमी, कंधे तक ऊंचाई 50 से 70 सेमी और वजन 7 से 17 किलोग्राम के बीच होता है। इनके खुर नुकीले और चट्टानी ढलानों पर चढ़ने के लिए पूरी तरह अनुकूलित होते हैं। नर और मादा दोनों में सींग नहीं होते, लेकिन वयस्क नरों के ऊपरी जबड़े से दो लंबे, घुमावदार कैनाइन दांत (दाढ़/खंजर जैसे दांत) बाहर निकले होते हैं जिनका उपयोग वे आपसी लड़ाई में करते हैं।

इनका दंत सूत्र वास्तविक हिरणों के समान होता है: Template:DentalFormula

नर कस्तूरी मृग के जननांगों और नाभि के बीच एक विशेष थैली में कस्तूरी ग्रंथि (Musk pod) पाई जाती है। इससे निकलने वाले स्राव (कस्तूरी) का उपयोग नर अपने क्षेत्र को चिह्नित करने और संभोग के लिए मादा को आकर्षित करने के लिए करता है।

ये शांत, शर्मीले और रात्रिचर (या सांझ के समय सक्रिय) शाकाहारी प्राणी हैं जो मानव बस्तियों से दूर एकांत में रहते हैं। इनका मुख्य आहार पत्तियाँ, फूल, घास, काई (moss) और लाइकेन (lichen) हैं।

प्रजनन और व्यवहार (Behavior and Breeding)

प्रजनन काल के दौरान नर अपने दांतों का इस्तेमाल करके मादा के लिए अन्य नरों से मुकाबला करते हैं। अपने क्षेत्र को चिह्नित करने के लिए ये निश्चित स्थानों पर मल त्याग करते हैं।

मादा का गर्भकाल लगभग 150 से 180 दिनों का होता है, जिसके बाद वह प्रायः एक (कभी-कभी दो) बच्चे को जन्म देती है। नवजात बच्चे बहुत छोटे होते हैं और जन्म के शुरुआती एक महीने तक शिकारियों से बचने के लिए झाड़ियों में पूरी तरह शांत और स्थिर छिपे रहते हैं।[2]

कस्तूरी का उपयोग और शिकार (Threats and Musk Trade)

कस्तूरी का उपयोग प्राचीन काल से ही उच्च गुणवत्ता वाले इत्रों (perfumes) और पारंपरिक एशियाई दवाओं (TCM) में किया जाता रहा है। अत्यधिक मांग और सुगंधित गुणों के कारण कालाबाज़ारी में प्राकृतिक कस्तूरी की कीमत $45,000 प्रति किलोग्राम तक पहुंच जाती है। इसी कारण इनका बड़े पैमाने पर अवैध शिकार किया जाता है, जिससे इनकी सभी प्रजातियाँ विलुप्ति के खतरे का सामना कर रही हैं।

जनसंख्या और संरक्षण (Population and Conservation)

विश्व भर में कस्तूरी मृगों की अनुमानित संख्या 400,000 से 800,000 के बीच मानी जाती है, लेकिन अवैध शिकार और आवास विखंडन (habitat loss) के कारण यह लगातार घट रही है।[3] इनकी सबसे सघन आबादी चीन, रूस, मंगोलिया, भारत, नेपाल और भूटान के हिमालयी क्षेत्रों में पाई जाती है।[4][5]

वर्तमान में कस्तूरी मृगों की अधिकांश प्रजातियाँ आईयूसीएन (IUCN) की संकटग्रस्त प्रजातियों की लाल सूची और 'साइट्स' (CITES) के परिशिष्ट-1 में शामिल हैं। चीन और भारत जैसे देशों में इनके शिकार पर कड़े कानूनी प्रतिबंध लगाए गए हैं और इनके प्राकृतिक आवासों को संरक्षित राष्ट्रीय उद्यानों के रूप में घोषित किया गया है।[6][7]

जीवाश्म और विकास (Evolution)

मॉस्किडे कुल का जीवाश्म रिकॉर्ड 2.5 करोड़ वर्ष से भी अधिक पुराना (लेट ओलिगोसीन) है। मायोसीन युग के अंत तक यह कुल यूरेशिया और उत्तरी अमेरिका में बहुत फला-फूला, लेकिन बाद में धीरे-धीरे सिमट गया। मॉस्कस वंश के सबसे प्राचीन जीवाश्म चीन के लुफेंग (लेट मायोसीन) से मिले हैं।[8]

वर्गीकरण इतिहास (Taxonomic History)

पारंपरिक रूप से कस्तूरी मृगों को हिरण कुल (सर्वाइडे) के अंतर्गत एक उप-कुल (मॉस्किनाई - Moschinae) के रूप में रखा गया था, लेकिन आधुनिक आणविक और आनुवंशिक अध्ययनों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि ये बोविडे कुल (गाय, बकरी, भेड़) के अधिक निकट हैं और इनका अपना एक स्वतंत्र कुल (मॉस्किडे) है।[9][10]

संदर्भ (References)

  1. ↑ University of Michigan Museum of Zoology. "Animal Diversity Web: Moschus (musk deer) Classification".
  2. ↑ Frädrich, H. (1984). "Deer". In Macdonald, D. (ed.). The Encyclopedia of Mammals. Facts on File, New York. pp. 518–519.
  3. ↑ Green, Michael J.B. (1986). "The distribution, status and conservation of the Himalayan musk deer Moschus chrysogaster". Biological Conservation. 35 (4): 347–375.
  4. ↑ Meng, X.; Yang, Q. (2003). "Conservation status and causes of decline of musk deer (Moschus spp.) in China". Biological Conservation. 109 (3): 333–342.
  5. ↑ Zhou, Yijun; et al. (2004). "Review of the distribution, status and conservation of musk deer in China". Folia Zoologica. 53 (2): 129–140.
  6. ↑ Liu, Gang; et al. (2022). "Population genomics reveals moderate genetic differentiation between populations of endangered Forest Musk Deer". BMC Genomics. 23: 668.
  7. ↑ Jiang, Feng; et al. (2020). "Musk deer (Moschus spp.) face redistribution to higher elevations and latitudes under climate change in China". Science of the Total Environment. 704: 135335.
  8. ↑ Qi, G. (1985). "Stratigraphic summarization of Ramapithecus fossil locality, Lufeng, Yunnan". Acta Anthropologica Sinica. 4 (1): 55–69.
  9. ↑ Hassanin, A.; Douzery, E.J.P. (2003). "Molecular and morphological phylogenies of Ruminantia and the alternative position of the Moschidae". Systematic Biology. 52 (2): 206–228.
  10. ↑ Guha, S.; Goyal, S.P.; Kashyap, V.K. (2007). "Molecular phylogeny of musk deer: a genomic view with mitochondrial 16S rRNA and cytochrome b gene". Molecular Phylogenetics and Evolution. 42 (3): 585–597.

बाहरी कड़ियाँ

  • विकिमीडिया कॉमन्स पर कस्तूरी मृग (Moschus) से सम्बन्धित मीडिया उपलब्ध है।
  • विकिस्पीशीज़ पर मॉस्कस से सम्बन्धित प्रामाणिक जानकारी उपलब्ध है।

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